दिलबाग सिंह बने रहेंगे जम्मू कश्मीर के प्रभारी डीजीपी

Foto

भारत के समाचार/india news

कोर्ट ने अटार्नी जनरल से मांगा जवाब

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट के द्वारा पूर्व में दिये गये राज्यों में प्रभारी डीजीपी ना तैनात करने के आदेश के बाद भी जम्मू में प्रभारी डीजीपी की तैनाती को चुनौती देने वाली याचिका की सुनवाई करते हुए कोर्ट ने कहा कि इस पर अटार्नी जनरल से जवाब मांगा गया है,हालाकि कोर्ट ने प्रभारी डीजीपी के आदेश में दखल देने से इंकार कर दिया है।

यह भी पढ़ें:   UPSC की वेबसाइट हैक ,डोरेमॉन की फोटो लगाकर लिखा मेसेज

 

राज्य ने कहा कि ये अंतरिम तौर पर व्यवस्था है इसलिए प्रभारी डीजीपी की नियुक्ति को इजाजत दी जाए सुप्रीम कोर्ट ने एजी के के वेणुगोपाल से उनका स्टैंड पूछा तो एजी ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट का आदेश उन मामलों के लिए था जिन्हें रिटायरमेंट के वक्त एक्टिंग डीजीपी बनाया जाता था।

वही मुख्य याचिकाकर्ता की ओर से प्रशांत भूषण ने कहा कि राज्य ने अदालत की अवमानना की है,डीजीपी को बिना किसी कारण बताए हटा दिया और वरिष्ठता में पांचवे नंबर के अफसर को प्रभारी डीजीपी नियुक्त किया पर भर्ती घोटाले के आरोप हैं। 

 

यह भी पढ़ें:   फरीदाबाद कांत एन्क्लेव को ध्वस्त करने का कोर्ट ने दिया 'सुप्रीम' निर्देश

 

बता दें कि जम्मू कश्मीर ने सुप्रीम कोर्ट से एक्टिंग डीजीपी की नियुक्ति ना करने के आदेश में संशोधन की मांग की है सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि राज्य आतंकवाद और कानून व्यवस्था के हालात को देखते हुए एक दिन भी डीजीपी के बिना नहीं रह सकता और डीजीपी एसपी वैद्य की जगह किसी अन्य को डीजीपी नियुक्त किया जाना है, लेकिन तय प्रक्रिया के मुताबिक इसमें वक्त लगेगा सरकार ने फिलहाल डीजी जेल दिलबाग सिंह को अतिरिक्त प्रभार दिया है जो कि अस्थाई नियुक्ति है। 

leave a reply

भारत के समाचार

Live: ख़बरें सबसे तेज़

प्रमुख श्रेणी