यात्रियों पर रेलवे ने बढ़ाया भार!

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भारत के समाचार/ NATIONAL NEWS

जानिए आखिर रेलवे की किस सेवा के लिए चुकाना होगा सात गुना ज्यादा शुल्क

 

नई दिल्ली। रेलवे स्‍टेशनों पर बने क्‍लाॅक रूम में सामान जमा करवाने से पहले अब कई बार सोचना पड़ेगा। रेलवे ने अपने क्‍लाॅक रूम में सामान रखने का किराया कई गुना बढ़ा दिया है। अंबाला रेल मंडल ने आय बढ़ाने के नाम पर यात्रियों पर अतिरिक्त बोझ डालते हुए क्लॉक रूम के किराये में सात गुना तक का इजाफा किया है। रेलवे के इतिहास में पहली बार इतनी बढ़ोतरी की गई है। ये दरें अंबाला मंडल के अधीन हरियाणा, पंजाब, हिमाचल प्रदेश और चंडीगढ़ के रेलवे स्टेशनों पर 5 सितंबर  से लागू कर दी गई हैं। पहले यात्री क्लॉक रूम में सामान रखने की एवज में 24 घंटे के 15 रुपये, दो दिन के 20 और तीन दिन के 25 देता था। अब ए-केटेगरी स्टेशन पर प्रति पैकेट 100 रुपये 24 घंटे के और अन्य स्टेशन पर 50 रुपये कर दिया है। बता दें कि सन् 2000 में क्लॉक रूम का किराया महज सात रुपये था।

 

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जानकारी के मुताबिक, ट्रेन लेट होने या फिर अन्य कारणों के चलते रेलवे ने यात्रियों को स्टेशनों पर क्लॉक रूम की सुविधा दे रखी है। इन क्लॉक रूम में यात्री अपना सामान रखकर बेफिक्री से अपने रिश्तेदार या स्टेशन के बाहर घूमने जा सकते हैं। रेलवे के इस फैसले से भले ही आय में अधिक ज्यादा फर्क नहीं पड़ेगा, लेकिन यात्रियों को जेबें जरूर ढीली करनी पड़ेगी। यह सुविधा मुख्य रूप से कारोबारी व पर्यटक द्वारा उपयोग की जाती है। सूत्रों के मुताबिक, रेल मंत्रालय में 21 दिसंबर 2017 को सरकुलर नंबर 83, 2017 में क्लॉक रूम और लॉकर की पॉलिसी में बदलाव किया था। मंत्रालय ने मंडल रेलवे प्रंबंधक (डीआरएम) को क्लॉर्करूम और लॉकर के किराये में अपने स्टेशनों के मुताबिक किराया बढ़ाने की शक्तियां प्रदान की थी। अब पहली बार मंडल ने किराये में बढ़ोतरी की है।


 

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उधर डीआरएम दिनेश चंद्र शर्मा ने कहा कि क्लॉक रूम के किराये में बदलाव होता रहता है। जब उनसे पूछा गया सीधे सात गुणा बढ़ोतरी की गई तो उनका कहना था इसे गुणा के तरीके से न देखा जाए। हालांकि किराया कितना बढ़ा, यह चेक करके ही बताएंगे।

 

 

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